किसानों की मेहनत को ध्यान में रखकर लिए जाएंगे फैसले,गन्ने का उचित भाव और आर्थिक अनुशासन जरूरी,कम बारिश के बीच जल प्रबंधन पर जोर
न्यूज़म ब्यूरो
बारामती, 12 अक्टूबर। महाराष्ट्र की उपमुख्यमंत्री एवं मालेगांव सहकारी चीनी मिल की अध्यक्ष सुनेत्रा अजितदादा पवार ने कहा कि मिल के प्रत्येक निर्णय में किसानों की मेहनत और उनके हितों को प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि दिवंगत अजित पवार ने सहकारिता क्षेत्र में जो कार्य किए और मिल के विकास के लिए जो दिशा दिखाई, उसे आगे बढ़ाया जाएगा। उन्होंने कामना की कि प्रत्येक किसान के खेत में अच्छी गन्ने की फसल हो और हर सभासद के घर में सुख-समृद्धि आए।
70वें पेराई सत्र का शुभारंभ
बारामती स्थित मालेगांव सहकारी चीनी मिल के 70वें पेराई सत्र का शुभारंभ और गन्ना डालने के स्थान (गव्हाण) का पूजन उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के हाथों किया गया। इस अवसर पर उन्होंने मिल के सभासदों से संवाद किया और किसानों की आर्थिक स्थिति, मिल के विकास, कर्मचारियों के योगदान तथा आगामी समय में जल प्रबंधन की आवश्यकता पर जोर दिया।
अजित पवार के कार्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प
सुनेत्रा पवार ने कहा कि मालेगांव चीनी मिल से बड़ी संख्या में किसान सभासदों के परिवारों की आजीविका जुड़ी हुई है। इसलिए मिल के संचालन और विकास से संबंधित हर निर्णय लेते समय किसानों के हितों का ध्यान रखना जरूरी है। उन्होंने बताया कि अजित पवार का मिल के लिए योगदान और मार्गदर्शन बेहद महत्वपूर्ण रहा है।
उन्होंने कहा कि अजित पवार के निधन के बाद 12 मार्च को उन्हें मिल के अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी सौंपी गई। अब उनकी कोशिश रहेगी कि जिस तरह अजितदादा ने सभासदों के हितों को प्राथमिकता देकर काम किया, उसी तरह मिल का संचालन किया जाए।
गन्ने का उचित भाव और आर्थिक अनुशासन जरूरी
सुनेत्रा पवार ने बताया कि मिल ने इस वर्ष किसानों को सबसे अधिक गन्ना मूल्य दिया है। उन्होंने मिल की आर्थिक स्थिति मजबूत बनाए रखने के लिए वित्तीय अनुशासन के महत्व को भी रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि मिल के माध्यम से जल्द ही सीबीजी (कंप्रेस्ड बायोगैस) परियोजना शुरू की जाएगी, जिससे भविष्य में विकास के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है।
उन्होंने यह भी कहा कि मिल की प्रगति में कर्मचारियों का महत्वपूर्ण योगदान है। इसलिए विकास का लाभ मेहनतकश कर्मचारियों तक भी पहुंचना चाहिए और उनके योगदान को उचित सम्मान मिलना चाहिए।
कम बारिश के बीच जल प्रबंधन पर जोर
इस वर्ष कम बारिश के कारण पैदा हुई परिस्थितियों का उल्लेख करते हुए सुनेत्रा पवार ने कहा कि मराठवाड़ा के दौरे के दौरान उन्होंने पानी की गंभीर समस्या को महसूस किया। ऐसे में आने वाले समय में जल संसाधनों का उचित नियोजन करना आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि कम पानी में गन्ने का अधिक उत्पादन कैसे किया जा सकता है, इस दिशा में प्रयास किए जाएंगे। सूखे जैसी परिस्थितियों में गन्ना उत्पादक किसानों को सिंचाई के पानी की कमी का सामना न करना पड़े, इसके लिए बेहतर जल प्रबंधन पर ध्यान दिया जाएगा।
किसानों और कर्मचारियों के हितों को प्राथमिकता
सुनेत्रा पवार ने कहा कि मिल की सफलता में किसानों के साथ-साथ मेहनतकश कर्मचारियों की भी अहम भूमिका है। उन्होंने कर्मचारियों की मेहनत के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सभासदों का हित ही मिल का हित है। उन्होंने विश्वास जताया कि दिवंगत अजित पवार के दिखाए मार्ग पर चलते हुए मालेगांव सहकारी चीनी मिल की प्रगति जारी रखी जाएगी।
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