न्यूज़म ब्यूरो
मुंबई, 14 अक्टूबर। महाराष्ट्र विधान परिषद की पांच सीटों पर 23 अक्टूबर को होने वाले चुनाव से पहले सियासी घमासान तेज हो गया है। कांग्रेस ने भाजपा पर मतदाताओं को पैसे देकर प्रभावित करने का आरोप लगाया है, जबकि राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) ने दावा किया है कि महायुति में शामिल शिवसेना और एनसीपी के विधायकों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। विपक्षी नेताओं ने पुणे में महाविकास आघाड़ी (एमवीए) के उम्मीदवारों के समर्थन में प्रचार करते हुए सत्तारूढ़ गठबंधन पर निशाना साधा। महाराष्ट्र की 78 सदस्यीय विधान परिषद की पांच सीटों के लिए चुनाव होगा। इनमें तीन स्नातक और दो शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं। पुणे संभाग स्नातक, नागपुर संभाग स्नातक, पुणे संभाग शिक्षक, छत्रपति संभाजीनगर स्नातक और अमरावती शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में मतदान होगा। संबंधित क्षेत्रों के पंजीकृत स्नातक और शिक्षक मतदान कर सकेंगे। मतगणना 27 अक्टूबर को होगी।
भाजपा पर धनबल के इस्तेमाल का आरोप
महाराष्ट्र कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने पुणे में चुनावी सभा के दौरान आरोप लगाया कि भाजपा मतदाताओं को पैसे भेजकर खरीदने की कोशिश कर रही है। उन्होंने स्नातकों और शिक्षकों से ऐसी राजनीति को खारिज कर एमवीए उम्मीदवारों का समर्थन करने की अपील की। सपकाल ने भाजपा पर सत्तावादी तरीके से शासन चलाने का आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार की कार्यशैली जनकल्याण के बजाय धनबल से प्रभावित है। उन्होंने पुरानी पेंशन योजना लागू करने की कांग्रेस की प्रतिबद्धता भी दोहराई। साथ ही मतदाताओं से मतपत्र पर पसंदीदा उम्मीदवार के नाम के सामने ‘1’ लिखकर मतदान करने की अपील की।
विधायकों की निगरानी का दावा
एनसीपी (एसपी) के वरिष्ठ नेता जयंत पाटिल ने दावा किया कि महायुति में शामिल शिवसेना और एनसीपी के विधायकों वाले क्षेत्रों में पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए हैं। उनके मुताबिक, इन पर्यवेक्षकों का काम केवल चुनाव प्रक्रिया पर नजर रखना नहीं, बल्कि दोनों दलों के विधायकों की गतिविधियों पर निगरानी रखना भी है। पाटिल ने पुणे में एमवीए उम्मीदवारों के प्रचार के दौरान यह आरोप लगाया। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि सामने नहीं आई है।
शरद पवार ने उम्मीदवारों के समर्थन में की अपील
एनसीपी (एसपी) प्रमुख शरद पवार ने पुणे संभाग के स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों से चुनाव लड़ रहीं हर्षदा देशमुख-जाधव और जयवंती असगांवकर के समर्थन में मतदान की अपील की। ऑनलाइन संबोधन में उन्होंने कहा कि हर्षदा जाधव ने विभिन्न क्षेत्रों में काम किया है और लोगों से उनका अच्छा जुड़ाव है। पवार ने विश्वास जताया कि वह विधान परिषद में स्नातकों के मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाएंगी। उन्होंने मतदाताओं से एमवीए उम्मीदवारों को जिताने का आग्रह किया।
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