सूखे से जूझ रहे किसानों का दर्द महायुति सरकार नहीं समझ रही, 5 हजार रुपये में कैसे मनेगी दिवाली: हर्षवर्धन सपकाल

कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष ने वाशिम जिले के सूखाग्रस्त क्षेत्रों का किया दौरा, किसानों को प्रति हेक्टेयर एक लाख रुपये की सहायता और संपूर्ण कर्जमाफी देने की मांग

न्यूज़म ब्यूरो

मुंबई, 15 अक्टूबर। महाराष्ट्र में सूखे की स्थिति और खरीफ फसलों को हुए नुकसान को लेकर कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने भाजपा महायुति सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने सवाल उठाया कि बढ़ती महंगाई के बीच किसानों को केवल 5 हजार रुपये की अग्रिम सहायता देकर उनकी दिवाली कैसे खुशहाल हो सकती है? सपकाल ने कहा कि यदि सरकार किसानों की आंखों के आंसू नहीं पोंछ सकती, तो कम से कम उनके दुखों का मजाक तो न उड़ाए।

वाशिम के सूखाग्रस्त क्षेत्रों का दौरा

Advertisement

किसानों को राहत दिलाने के उद्देश्य से हर्षवर्धन सपकाल ने वाशिम जिले के किनवड, मालेगांव, पांडव उमरा, तांदली और कामठवाड़ा के सूखाग्रस्त क्षेत्रों का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने किसानों से बातचीत कर उनकी समस्याएं जानीं और फसलों की स्थिति का जायजा लिया। उनके साथ विधायक अमित झनक, वाशिम जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष विट्ठल चौधरी, प्रदेश कांग्रेस के महासचिव दिलीप सरनाईक सहित पार्टी के पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद थे।

75 दिनों से अधिक समय तक बारिश नहीं होने से फसलें प्रभावित

मीडिया से बातचीत में सपकाल ने कहा कि 75 दिनों से अधिक समय तक बारिश नहीं होने और बढ़ती गर्मी के कारण खरीफ का मौसम पूरी तरह प्रभावित हुआ है। खेतों में फसलें सूख गई हैं और सोयाबीन की फलियों में दाने नहीं बनने से किसानों की उत्पादन की उम्मीदें टूट गई हैं। किसानों के सामने आर्थिक संकट के साथ कर्ज चुकाने की चुनौती भी खड़ी हो गई है।

उन्होंने आरोप लगाया कि प्राकृतिक संकट के बीच किसानों को पर्याप्त सहायता देने के बजाय राज्य सरकार ने केवल 5 हजार रुपये की अग्रिम मदद घोषित की है। सपकाल ने इसे किसानों की समस्याओं के प्रति सरकार का असंवेदनशील रवैया बताते हुए इसकी आलोचना की।

प्रति हेक्टेयर एक लाख रुपये और संपूर्ण कर्जमाफी की मांग

कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष ने मांग की कि सूखाग्रस्त किसानों को मामूली सहायता के बजाय प्रति हेक्टेयर एक लाख रुपये की एकमुश्त आर्थिक मदद दी जाए और उनका पूरा कर्ज माफ किया जाए। इसके अलावा पशुओं के लिए तत्काल चारा शिविर शुरू करने, खेत मजदूरों को अनुदान देने और विद्यार्थियों की शैक्षणिक फीस माफ करने की मांग भी की।

किसानों के खातों में सीधे सहायता जमा करने की मांग

सपकाल ने कहा कि सरकार को सर्वेक्षण, बैठकों और घोषणाओं तक सीमित रहने के बजाय किसानों के बैंक खातों में सीधे आर्थिक सहायता जमा करनी चाहिए। उन्होंने सूखाग्रस्त क्षेत्रों में पेयजल की समुचित व्यवस्था करने की भी मांग की। सपकाल ने कहा कि किसानों को न्याय और पर्याप्त राहत मिलने तक कांग्रेस का संघर्ष जारी रहेगा।

पढ़ने के लिए धन्यवाद

आपका समय और भरोसा हमारे लिए बहुत मायने रखता है। अगर यह खबर आपके लिए उपयोगी रही, तो हमसे जुड़े रहें — हर ज़रूरी खबर के लिए Newsam को फ़ॉलो करें।

Add a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisement
↑
Tap to Refresh