यवतमाल में बारिश की कमी से फसलों पर संकट, सोयाबीन के लिए 50 हजार रुपये प्रति एकड़ अनुदान की मांग

दो महीने से पर्याप्त बारिश नहीं होने से सोयाबीन, कपास, ज्वार, तुअर, हल्दी और गन्ने की फसल प्रभावित, किसानों को पूरी फसल बीमा राशि देने की मांग

राहुल गुप्ता
उमरखेड, 18 सितंबर।

महाराष्ट्र के यवतमाल जिले में पिछले दो महीनों से पर्याप्त बारिश नहीं होने के कारण किसानों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। बारिश की कमी से सोयाबीन, कपास, ज्वार, तुअर, हल्दी और गन्ने सहित विभिन्न फसलों की वृद्धि प्रभावित हुई है। प्रतिकूल प्राकृतिक परिस्थितियों के चलते फसलों में विभिन्न रोगों का प्रकोप भी बढ़ गया है, जिससे फसलें खराब होने लगी हैं और किसान आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं।

सूखा सदृश्य स्थिति को देखते हुए उमरखेड कृषि उपज बाजार समिति के संचालक मंडल ने किसानों को पूरी फसल बीमा राशि देने और सोयाबीन के लिए प्रति एकड़ 50 हजार रुपये का अनुदान देने की मांग मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से की है।

बाजार समिति की बैठक में प्रस्ताव पारित

उमरखेड कृषि उपज बाजार समिति के कार्यक्षेत्र में सोयाबीन, कपास, हल्दी, गन्ना, तुअर और ज्वार जैसी फसलों की बड़े पैमाने पर खेती की जाती है। पिछले दो महीनों से पर्याप्त बारिश नहीं होने के कारण खेतों में खड़ी फसलों की वृद्धि रुक गई है।

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सूखा सदृश्य संकट को देखते हुए बाजार समिति की बैठक में किसानों को राहत देने के लिए विभिन्न प्रस्ताव रखे गए। इसमें उमरखेड तहसील के किसानों को फसल बीमा की पूरी राशि दिलाने और सरकार से आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग शामिल है।

किसानों की फसलों का तत्काल पंचनामा कराने की मांग

बाजार समिति के संचालक मंडल ने मांग की है कि उमरखेड तहसील के सभी किसानों की फसलों का तत्काल पंचनामा कराया जाए। इसके बाद किसानों के खातों में फसल बीमा की पूरी राशि जमा की जाए, ताकि फसल नुकसान से प्रभावित किसानों को आर्थिक राहत मिल सके।

इसके अलावा सोयाबीन की फसल के लिए प्रति एकड़ 50 हजार रुपये के हिसाब से सूखा अनुदान तत्काल उपलब्ध कराने की मांग भी की गई है।

मुख्यमंत्री को भेजा गया ज्ञापन

इन मांगों को लेकर उपविभागीय अधिकारी सखाराम मुळे के माध्यम से मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को ज्ञापन भेजा गया। ज्ञापन में बारिश की कमी से उत्पन्न सूखा सदृश्य स्थिति का उल्लेख करते हुए प्रभावित किसानों को तत्काल राहत देने की मांग की गई है।

इस अवसर पर सभापति कृष्णा पाटील देवसरकर, उपसभापति श्रीपाल आडे, प्रविण पाटील मिराशे, बालासाहेब भट्टड, विवेक कन्नावार, गजानन सोलंके, शिवराम कदम, रहीमोद्दीन खतीब और विश्वास कांबले सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।

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